ऊर्जा संरक्षण की मुहिम: साइकिल से विधानसभा पहुंचे मंत्री सुरेश खन्ना,पंकज चौधरी ने काफिले में की कटौती

लखनऊ। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा ईंधन बचाने और ऊर्जा संरक्षण की अपील का उत्तर प्रदेश में व्यापक असर दिखने लगा है। शासन और संगठन के स्तर पर बड़े नेताओं ने अपनी जीवनशैली में बदलाव कर जनता के सामने उदाहरण पेश करना शुरू कर दिया है। इसी कड़ी में गुरुवार को प्रदेश के वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी के कदम चर्चा का विषय बने हुए हैं।

1. साइकिल चलाकर दफ्तर पहुंचे सुरेश खन्ना

उत्तर प्रदेश सरकार के वरिष्ठ मंत्री सुरेश कुमार खन्ना गुरुवार सुबह अपने सरकारी आवास ’10 कालिदास मार्ग’ से विधानसभा स्थित अपने कार्यालय तक साइकिल चलाकर पहुंचे।

  • साप्ताहिक संकल्प: उन्होंने घोषणा की कि वे प्रत्येक सप्ताह में कम से कम एक दिन अपने दफ्तर जाने के लिए साइकिल का ही प्रयोग करेंगे।

  • विदेशी मुद्रा की बचत: खन्ना ने कहा कि भारत को अपनी जरूरत का लगभग 85-86% तेल विदेशों से आयात करना पड़ता है, जिससे भारी मात्रा में विदेशी मुद्रा खर्च होती है। ईंधन बचाना अब एक ‘राष्ट्रीय दायित्व’ है।

2. पंकज चौधरी ने काफिले (फ्लीट) में की भारी कटौती

यूपी बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने भी ‘राष्ट्र प्रथम’ की नीति पर चलते हुए अपने काफिले को छोटा करने का निर्णय लिया है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर इसकी जानकारी साझा की:

  • सुरक्षा वाहन को छोड़कर बाकी गाड़ियां हटाईं: उन्होंने अपने फ्लीट से सहायक गाड़ियों की संख्या कम कर दी है।

  • कार्यकर्ताओं से अपील: उन्होंने कार्यकर्ताओं और आम जनता से भी आग्रह किया है कि वे व्यक्तिगत स्तर पर कारपूलिंग और सार्वजनिक परिवहन (Public Transport) का उपयोग कर इस मुहिम का हिस्सा बनें।

3. सीएम योगी के कड़े निर्देश और नई कार्यसंस्कृति

यह पूरा बदलाव मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा बुधवार को कैबिनेट बैठक में दिए गए निर्देशों के बाद दिख रहा है। मुख्यमंत्री ने शासन-प्रशासन में मितव्ययिता लाने के लिए कई अहम बातें कही थीं:

  • फ्लीट में 50% कमी: सभी मंत्रियों से अपने वाहनों के काफिले को आधा करने को कहा गया है।

  • विदेश यात्रा पर रोक: अगले 6 महीनों तक मंत्रियों और अधिकारियों की विदेश यात्राओं (अपरिहार्य स्थितियों को छोड़कर) पर रोक लगा दी गई है।

  • पब्लिक ट्रांसपोर्ट: मंत्रियों को सप्ताह में एक दिन बस, मेट्रो, ई-रिक्शा या साइकिल का उपयोग करने की सलाह दी गई है।