Solar Didi Salary Hike: सोलर दीदियों की हुई बल्ले-बल्ले, अब हर महीने मिलेगा 14,156 रुपये मानदेय; सीएम योगी ने किए कई बड़े ऐलान

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में सौर ऊर्जा को गांव-गांव तक पहुंचाने और महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बड़ा कदम उठाया है। राजधानी लखनऊ में आयोजित विशेष कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने “सोलर दीदी” योजना से जुड़ी महिलाओं को नियुक्ति और प्रशिक्षण पत्र वितरित किए। इस अवसर पर उन्होंने सोलर दीदियों के मानदेय, प्रशिक्षण और रोजगार से जुड़े कई महत्वपूर्ण ऐलान भी किए।

सोलर दीदियों को मिलेगा 14,156 रुपये प्रतिमाह मानदेय

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घोषणा की कि प्रदेश में कार्यरत सोलर दीदियों को अब प्रतिमाह 14,156 रुपये का मानदेय प्रदान किया जाएगा। सरकार का उद्देश्य महिलाओं को सौर ऊर्जा क्षेत्र में रोजगार उपलब्ध कराना और ग्रामीण क्षेत्रों में हरित ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा देना है। इससे हजारों महिलाओं को स्थायी आय का स्रोत मिलने की उम्मीद है।

प्रशिक्षण के साथ रोजगार का भी मिलेगा अवसर

कार्यक्रम के दौरान चयनित महिलाओं को नियुक्ति पत्र और प्रशिक्षण प्रमाणपत्र सौंपे गए। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रशिक्षित सोलर दीदियां गांवों में सौर ऊर्जा उपकरणों की स्थापना, रखरखाव और जागरूकता अभियान में अहम भूमिका निभाएंगी। इससे न केवल ऊर्जा क्षेत्र को मजबूती मिलेगी बल्कि महिलाओं की सामाजिक और आर्थिक स्थिति भी बेहतर होगी।

हरित ऊर्जा के विस्तार में महिलाओं की होगी अहम भूमिका

सीएम योगी ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में तेजी से काम कर रही है। सोलर दीदियां इस अभियान की महत्वपूर्ण कड़ी बनेंगी। सरकार का लक्ष्य है कि ग्रामीण इलाकों में अधिक से अधिक घरों और संस्थानों को सौर ऊर्जा से जोड़ा जाए, जिससे बिजली पर निर्भरता कम हो और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिले।

महिला सशक्तीकरण को मिलेगा नया आयाम

मुख्यमंत्री ने कहा कि सोलर दीदी योजना केवल रोजगार का माध्यम नहीं है, बल्कि यह महिलाओं के आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता को मजबूत करने का अभियान भी है। योजना के माध्यम से महिलाएं तकनीकी कौशल सीखकर आर्थिक रूप से सशक्त बन रही हैं और अपने परिवार की आय बढ़ाने में योगदान दे रही हैं।

प्रदेश में सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने पर सरकार का फोकस

योगी सरकार लगातार सौर ऊर्जा परियोजनाओं का विस्तार कर रही है। सरकार का मानना है कि स्वच्छ ऊर्जा भविष्य की आवश्यकता है और इसके लिए महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित करना विकास की दिशा में बड़ा कदम साबित होगा। सोलर दीदी योजना इसी सोच का हिस्सा है, जिसके जरिए ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार और ऊर्जा दोनों के नए अवसर तैयार किए जा रहे हैं।