मुंबई: टीवी और फिल्म जगत की मशहूर अभिनेत्री शेफाली जरीवाला, जिन्हें दुनिया ‘कांटा लगा गर्ल’ के नाम से जानती थी, के असमय निधन ने हर किसी को झकझोर कर रख दिया था। 42 साल की उम्र में उनके दुनिया को अलविदा कहने के बाद सोशल मीडिया पर अफवाहों का बाजार गर्म हो गया था। सबसे ज्यादा चर्चा ‘एंटी एजिंग इंजेक्शन’ और ‘वेट लॉस ट्रीटमेंट’ को लेकर हुई। अब उनके निधन के करीब एक साल बाद, पति पराग त्यागी ने इन दावों पर खुलकर अपनी बात रखी है और सच्चाई दुनिया के सामने पेश की है।
“सच से ज्यादा गलत बातें फैल रही हैं”
पराग त्यागी ने अपने हालिया इंटरव्यू में उन सभी दावों को सिरे से खारिज कर दिया, जिनमें कहा जा रहा था कि शेफाली की मौत किसी गलत मेडिकल प्रक्रिया के कारण हुई। पराग ने नाराजगी जताते हुए कहा, “सच से ज्यादा गलत बातें फैल रही हैं और लोग बिना सोचे-समझे उन पर भरोसा कर रहे हैं।” उन्होंने स्पष्ट किया कि शेफाली ने कभी भी किसी तरह के एंटी-एजिंग या वजन घटाने वाले इंजेक्शन का सहारा नहीं लिया था।
सामान्य और स्वस्थ जीवन जीती थीं शेफाली
अफवाहों पर लगाम लगाते हुए पराग ने बताया कि उनकी पत्नी एक बेहद नॉर्मल और हेल्दी लाइफस्टाइल फॉलो करती थीं। उन्होंने कहा, “हमारा घर का खाना बहुत साधारण होता था—दाल, सब्जी और रोटी। हां, हम प्रोटीन का ध्यान जरूर रखते थे, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि कोई गलत तरीका अपनाया जाता था।” पराग के अनुसार, शेफाली उस समय अपने जीवन के सबसे फिट और खुशहाल दौर में थीं और पूरा परिवार एक सामान्य जिंदगी जीता था।
रतन टाटा का उदाहरण देकर अफवाहों को नकारा
पराग त्यागी ने मनगढ़ंत कहानियों पर तंज कसते हुए दिवंगत दिग्गज उद्योगपति रतन टाटा का उदाहरण दिया। उन्होंने कहा, “अगर वाकई में दुनिया में ऐसा कोई इंजेक्शन या तकनीक होती जिससे उम्र को रोका जा सकता या हमेशा जवान रहा जा सकता, तो रतन टाटा जैसे महान और साधन संपन्न लोग भी आज हमारे बीच जीवित होते।” उन्होंने आगे कहा कि जीवन और मृत्यु पूरी तरह प्राकृतिक हैं, जिस पर किसी इंसान का कोई नियंत्रण नहीं है।
डिजिटल प्लेटफॉर्म और ‘सनातन’ की राह पर पराग
दुख के इस दौर से बाहर निकलते हुए पराग त्यागी ने अपने नए प्रोजेक्ट के बारे में भी जानकारी साझा की। वे अब एक ऐसे डिजिटल प्लेटफॉर्म से जुड़ गए हैं जो भारतीय संस्कृति और सनातन धर्म पर आधारित कंटेंट प्रसारित करता है। पराग का मानना है कि आज की युवा पीढ़ी जो मानसिक तनाव और चिंता से जूझ रही है, उन्हें भारतीय दर्शन और पौराणिक कहानियों के माध्यम से शांति और सही दिशा मिल सकती है। उन्होंने कहा कि सनातन धर्म केवल एक धर्म नहीं, बल्कि जीवन जीने का एक श्रेष्ठ तरीका है।
girls globe
