Thursday , October 1 2026

IPL History : जब ब्रेंडन मैकुलम ने पहली ही रात हिला दिया था क्रिकेट जगत, 158 रनों की वो पारी लेकिन फिर पूरे सीजन रहे फ्लॉप

Post

News India Live, Digital Desk : इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) के इतिहास में 18 अप्रैल 2008 की वो रात कोई नहीं भूल सकता। चिन्नास्वामी स्टेडियम में कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) और रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) के बीच लीग का पहला मुकाबला खेला जा रहा था। उस रात न्यूजीलैंड के दिग्गज बल्लेबाज ब्रेंडन मैकुलम ने जो किया, उसने टी20 क्रिकेट की परिभाषा ही बदल दी। मैकुलम ने महज 73 गेंदों पर 158 रनों की नाबाद पारी खेलकर आईपीएल का ऐसा आगाज किया जिसे आज भी ‘ग्रेटेस्ट ऑफ ऑल टाइम’ माना जाता है।

धुआंधार शुरुआत: 13 छक्के और 10 चौकों की बरसात मैकुलम उस रात अलग ही मूड में थे। उन्होंने आरसीबी के गेंदबाजों की धज्जियां उड़ाते हुए मैदान के चारों ओर शॉट्स लगाए। अपनी पारी में उन्होंने 13 गगनचुंबी छक्के और 10 शानदार चौके जड़े। उनकी इस आतिशी पारी की बदौलत केकेआर ने 222 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया और बेंगलुरु को 140 रनों के बड़े अंतर से हरा दिया। मैकुलम का वह स्कोर कई सालों तक आईपीएल का सर्वोच्च व्यक्तिगत स्कोर बना रहा, जिसे बाद में क्रिस गेल ने तोड़ा।

हैरान करने वाला सच: पहले मैच के बाद पूरे सीजन रहे ‘खामोश’ अक्सर लोग मैकुलम की उस 158 रनों की पारी को तो याद रखते हैं, लेकिन एक कड़वा सच यह भी है कि उस धमाकेदार शुरुआत के बाद मैकुलम का बल्ला पूरे सीजन के लिए शांत हो गया था। आंकड़ों पर नजर डालें तो पहले मैच में 158 रन बनाने के बाद, उन्होंने उस सीजन के अगले 3 मैचों में केवल 30 रन ही बनाए थे। पूरे टूर्नामेंट में उन्होंने 4 पारियों में कुल 188 रन जोड़े, जिसका मतलब है कि पहली पारी के बाद उनके बल्ले से सिर्फ 30 रन निकले।

केकेआर के लिए ‘वन मैन शो’ साबित हुआ 2008 मैकुलम की उस पारी ने केकेआर को रातों-रात सबसे लोकप्रिय टीम बना दिया था, लेकिन निरंतरता की कमी के कारण टीम उस साल सेमीफाइनल की दौड़ से बाहर हो गई थी। मैकुलम के अलावा टीम का कोई भी बल्लेबाज उस तरह का प्रभाव नहीं छोड़ सका। हालांकि, मैकुलम की उस पारी ने आईपीएल को वो वैश्विक पहचान दिलाई जिसकी जरूरत एक नई लीग को होती है। ललित मोदी ने भी स्वीकार किया था कि मैकुलम की पारी ने आईपीएल की सफलता की नींव रखी थी।

आज भी कायम है मैकुलम का जलवा आज ब्रेंडन मैकुलम भले ही संन्यास ले चुके हैं और इंग्लैंड की टेस्ट टीम के कोच (बैज़बॉल फेम) हैं, लेकिन आईपीएल के पहले ही मैच में लगाया गया उनका वह शतक आज भी हर क्रिकेट प्रेमी के जहन में ताजा है। वह पारी केवल एक शतक नहीं थी, बल्कि इस बात का ऐलान था कि क्रिकेट अब बदलने वाला है।

–Advertisement–