Cow National Animal: ‘गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित कर दें’, मौलाना शहाबुद्दीन रजवी का बड़ा बयान, बोले- कई समस्याएं हो जाएंगी खत्म

देश में गाय को लेकर एक बार फिर बहस तेज हो गई है। इस बीच प्रमुख मुस्लिम धर्मगुरु मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने ऐसा बयान दिया है जिसने राजनीतिक और सामाजिक गलियारों में नई चर्चा छेड़ दी है। उन्होंने कहा कि यदि केंद्र सरकार गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित कर देती है तो इसमें किसी को आपत्ति नहीं होनी चाहिए। उनके मुताबिक ऐसा कदम उठाने से समाज और देश से जुड़ी कई समस्याओं का समाधान निकल सकता है।

गाय को राष्ट्रीय पशु बनाने की उठाई मांग

मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने कहा कि गाय भारतीय संस्कृति और परंपरा का महत्वपूर्ण हिस्सा रही है। उन्होंने कहा कि देश के करोड़ों लोग गाय को श्रद्धा और सम्मान की दृष्टि से देखते हैं। ऐसे में यदि सरकार गाय को राष्ट्रीय पशु का दर्जा देने पर विचार करती है तो इसका स्वागत किया जाना चाहिए।

उन्होंने कहा कि इस मुद्दे को धार्मिक या राजनीतिक नजरिए से देखने के बजाय सामाजिक और राष्ट्रीय दृष्टिकोण से देखा जाना चाहिए। उनके अनुसार गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने से संरक्षण और संवर्धन के प्रयासों को भी मजबूती मिलेगी।

‘कई समस्याओं का निकल सकता है समाधान’

मौलाना रजवी ने अपने बयान में कहा कि गाय को राष्ट्रीय पशु बनाए जाने से उससे जुड़ी कई विवादित और संवेदनशील समस्याओं पर सकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है। उन्होंने कहा कि इससे समाज में जागरूकता बढ़ेगी और पशु संरक्षण को लेकर लोगों की जिम्मेदारी भी तय होगी।

उन्होंने यह भी कहा कि देश में आपसी सौहार्द और सामाजिक समरसता बनाए रखने के लिए ऐसे मुद्दों पर संवाद और सकारात्मक सोच की आवश्यकता है। उनके अनुसार गाय के संरक्षण और सम्मान को लेकर सभी वर्गों को मिलकर काम करना चाहिए।

बयान के बाद शुरू हुई चर्चा

मौलाना शहाबुद्दीन रजवी का यह बयान ऐसे समय आया है जब देश में समय-समय पर गाय के संरक्षण और उसके संवैधानिक दर्जे को लेकर बहस होती रही है। उनके इस बयान के बाद राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्रों में प्रतिक्रियाओं का दौर शुरू हो गया है। समर्थक इसे सकारात्मक पहल बता रहे हैं, जबकि विभिन्न पक्षों की ओर से इस पर अलग-अलग राय सामने आ रही है।फिलहाल मौलाना रजवी के इस बयान ने गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित किए जाने की बहस को एक बार फिर चर्चा के केंद्र में ला दिया है।