लखनऊ। राजधानी के इकाना स्टेडियम में आईपीएल मैचों के रोमांच के बीच जालसाजों ने भी अपना जाल बिछाना शुरू कर दिया है। लखनऊ पुलिस ने एक ऐसे शातिर अंतरराज्यीय गिरोह का भंडाफोड़ किया है, जो ‘चैट जीपीटी’ (ChatGPT) और ‘कोरल ड्रॉ’ जैसी आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल कर आईपीएल के फर्जी टिकट तैयार कर रहा था। पुलिस ने इस मामले में छत्तीसगढ़ के चार युवकों को गिरफ्तार किया है, जिनमें से एक आर्किटेक्ट डिप्लोमा होल्डर और दूसरा डिजाइनिंग एक्सपर्ट है।
ऐसे हुआ जालसाजी का खुलासा
यह मामला तब सामने आया जब उरई के सुशील नगर निवासी प्रदीप सिंह गुरुवार को लखनऊ सुपर जायंट्स (LSG) बनाम रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) का मैच देखने इकाना स्टेडियम पहुंचे थे। स्टेडियम के बाहर उन्हें कुछ युवक मिले जिन्होंने आईपीएल के टिकट होने का दावा किया। विराट कोहली को देखने की बेताबी में प्रदीप ने उन युवकों से दो टिकट खरीदे और यूपीआई के जरिए 1000 रुपये का भुगतान कर दिया। लेकिन जब वह गेट पर पहुंचे, तो बारकोड स्कैन होते ही उनके होश उड़ गए। कर्मचारियों ने टिकट को फर्जी बताकर उन्हें अंदर जाने से रोक दिया।
तकनीक का सहारा लेकर तैयार करते थे नकली टिकट
डीसीपी दक्षिण अमित आनंद के मुताबिक, पकड़े गए आरोपी बेहद पढ़े-लिखे और तकनीकी रूप से सक्षम हैं। गिरोह का सदस्य नूतन कुमार साहू आर्किटेक्ट में पॉलिटेक्निक डिप्लोमा होल्डर है, जबकि विश्वजीत साहू ने यूट्यूब और कोचिंग के जरिए 2D और 3D डिजाइनिंग सीखी है। आरोपियों ने पूछताछ में कुबूल किया कि वे सोशल मीडिया से असली टिकट की फोटो हासिल करते थे। इसके बाद चैट जीपीटी की मदद से पेपर की गुणवत्ता और टिकट के साइज की सटीक जानकारी निकालते थे और कोरल ड्रॉ पर हूबहू नकली टिकट डिजाइन कर देते थे।
आर्थिक तंगी ने बनाया अपराधी, दिल्ली में भी की थी कोशिश
पुलिस जांच में सामने आया कि गिरोह के दो सदस्य, श्रीकांत बोरकर और राजेंद्र चौधरी, कार वाशिंग का काम करते थे। धंधे में घाटा होने और नया ऑफिस खोलने के लिए पैसों की जरूरत ने उन्हें अपराध की राह पर धकेल दिया। लखनऊ आने से पहले यह गिरोह 4 मई को दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम भी गया था, लेकिन वहां बारकोड और क्वालिटी मैच न होने के कारण वे टिकट नहीं बेच सके थे। इसके बाद 6 मई को वे लखनऊ पहुंचे और यहां के क्रिकेट प्रेमियों को अपना शिकार बनाना शुरू किया।
पुलिस ने बरामद किया भारी सामान
सुशांत गोल्फ सिटी थाना पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर दोंदखेड़ा चौराहे के पास से चारों आरोपियों को गिरफ्तार किया। इनके पास से एक लैपटॉप, आईपीएल के 15 फर्जी टिकट, पेपर शीट पर छपे 14 अन्य टिकट, पेपर कटर, कार, प्लेन पेपर शीट, एटीएम कार्ड और पासबुक बरामद हुई है। पुलिस ने उस यूपीआई ट्रांजैक्शन के जरिए आरोपियों तक पहुंचने में सफलता हासिल की, जिसका इस्तेमाल प्रदीप सिंह ने टिकट खरीदने के लिए किया था।
girls globe
