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डाकघर की इस सुपरहिट स्कीम में हर साल ₹36,000 जमा करने पर मिलेंगे ₹5.47 लाख, जानें ब्याज दर, नियम और पूरा कैलकुलेशन

शेयर बाजार और म्यूचुअल फंड्स के उतार-चढ़ाव से दूर रहकर जो लोग एक निश्चित, सुरक्षित और सरकार द्वारा गारंटीड रिटर्न की तलाश में हैं, उनके लिए डाकघर (India Post) की स्मॉल सेविंग्स स्कीम्स हमेशा से सबसे पहली पसंद रही हैं। डाकघर की ‘राष्ट्रीय बचत आवर्ती जमा खाता’ यानी 5-ईयर पोस्ट ऑफिस रेकरिंग डिपॉजिट (Post Office RD Scheme) एक ऐसा वित्तीय साधन है जो आम नागरिकों, किसानों, नौकरीपेशा और छोटे व्यापारियों को नियमित बचत की आदत डालने का अवसर देता है।

यदि आप हर महीने सिर्फ ₹3,000 (यानी सालाना ₹36,000) की बचत करते हैं, तो डाकघर की इस योजना में चक्रवृद्धित होकर यह रकम मैच्योरिटी पर ₹5,47,500 से अधिक का बड़ा सुरक्षित फंड बन जाती है। इस योजना की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें जमा पूंजी पर भारत सरकार की सॉवरेन गारंटी (Sovereign Guarantee) मिलती है, जिससे निवेशकों का एक-एक रुपया 100% सुरक्षित रहता है और बाजार के किसी भी संकट का इस पर कोई असर नहीं पड़ता।

डाकघर की 5 वर्षीय आरडी स्कीम में ब्याज की गणना तिमाही आधार पर चक्रवृद्धि (Quarterly Compounding) नियम से की जाती है, जिससे निवेशक को सामान्य सिंपल इंटरेस्ट की तुलना में कहीं अधिक मुनाफा मिलता है। इस योजना का मूल कार्यकाल 5 वर्ष का होता है, जिसे आवेदन देकर अगले 5 वर्षों के लिए बढ़ाया जा सकता है।

  • मासिक बचत राशि: ₹3,000 प्रति माह

  • वार्षिक कुल निवेश: ₹36,000 प्रति वर्ष

  • लागू ब्याज दर: 6.7% वार्षिक (तिमाही चक्रवृद्धि आधार पर)

  • पहले 5 साल का परिदृश्य:

    • 5 वर्षों में आपकी कुल जमा राशि: ₹1,80,000

    • 5 वर्ष पूरे होने पर अर्जित अनुमानित ब्याज: ₹34,097

    • 5 वर्ष बाद कुल मैच्योरिटी राशि: ₹2,14,097

  • खाते को 10 वर्ष तक एक्सटेंड करने पर: यदि आप 5 साल बाद पैसा निकालने के बजाय इस खाते को अगले 5 साल (कुल 10 वर्ष) के लिए आगे बढ़ा देते हैं:

    • 10 वर्षों में आपकी कुल जमा राशि: ₹3,60,000 (₹3,000 × 120 महीने)

    • 10 वर्षों में अर्जित कुल चक्रवृद्धि ब्याज: ₹1,87,500 से अधिक

    • 10 साल पूरे होने पर मिलने वाला कुल मैच्योरिटी फंड: ₹5,47,500 (लगभग साढ़े पांच लाख रुपये)

कंपाउंडिंग की ताकत का सबसे बड़ा असर आखिरी 5 वर्षों में दिखाई देता है, जहां आपका अर्जित ब्याज मूलधन की गति से भी तेजी से बढ़कर फंड को बड़ा आकार देता है।

डाकघर आवर्ती जमा खाता देश के किसी भी नागरिक के लिए बेहद आसान और लचीली शर्तों के साथ उपलब्ध है:

  • कौन खोल सकता है खाता: भारत का कोई भी 18 वर्ष से अधिक आयु का नागरिक व्यक्तिगत (Single) खाता खोल सकता है। तीन वयस्क मिलकर संयुक्त (Joint A या Joint B) खाता भी खोल सकते हैं।

  • बच्चों के नाम पर निवेश: 10 वर्ष से अधिक उम्र के नाबालिग के नाम पर वह स्वयं खाता संचालित कर सकता है, जबकि 10 वर्ष से छोटे बच्चों के लिए अभिभावक (माता/पिता) खाता खुलवा सकते हैं।

  • न्यूनतम व अधिकतम सीमा: इस खाते को न्यूनतम ₹100 प्रति माह से शुरू किया जा सकता है। अधिकतम निवेश की कोई ऊपरी सीमा (No Upper Limit) नहीं है; आप अपनी क्षमतानुसार 100 के गुणक में कितनी भी रकम जमा कर सकते हैं।

  • खातों की संख्या: एक व्यक्ति डाकघर में जितने चाहे उतने अलग-अलग आरडी खाते खोल सकता है।

  • नामांकन सुविधा (Nomination): खाता खोलते समय या बाद में कभी भी नॉमिनी का नाम दर्ज कराने की निशुल्क सुविधा उपलब्ध है।

डाकघर आरडी मूल रूप से 5 साल की अवधि के लिए खोली जाती है। लेकिन अगर आप ₹5.47 लाख का बड़ा कॉर्पस पाना चाहते हैं, तो आप विभागीय नियमों के तहत इसे 10 साल तक जारी रख सकते हैं:

  • एक्सटेंशन की प्रक्रिया: 5 वर्ष पूरे होने से पहले खाताधारक को संबंधित डाकघर में एक साधारण आवेदन पत्र (Extension Form) जमा करना होता है।

  • ब्याज दर की सुरक्षा: जिस ब्याज दर पर खाता खोला गया था या एक्सटेंशन के समय जो दर लागू होगी, उसी निर्धारित दर पर खाता अगले 5 साल तक लगातार चलता रहेगा।

  • बिना नई जमा के जारी रखने का विकल्प: यदि 5 साल बाद आप हर महीने ₹3,000 जमा नहीं करना चाहते, तब भी आप जमा किए गए ₹2.14 लाख को अगले 5 साल के लिए खाते में छोड़ सकते हैं। उस पर भी तिमाही आधार पर ब्याज जुड़ता रहेगा।

आपातकालीन वित्तीय जरूरतों के समय डाकघर आरडी खाताधारकों को कई सहूलियतें प्रदान करता है:

  • 50% लोन की सुविधा: खाता लगातार 1 वर्ष (12 किस्तें) तक सक्रिय रहने के बाद जमा राशि का 50% तक हिस्सा लोन के रूप में लिया जा सकता है। इस लोन पर आरडी की ब्याज दर से मात्र 2% अधिक ब्याज लगता है, जिसे एकमुश्त या मासिक किस्तों में चुकाया जा सकता है।

  • प्री-मैच्योर विड्रॉल (समय पूर्व बंदी): विशेष परिस्थितियों में खाता खोलने की तिथि से 3 वर्ष पूरे होने के बाद इसे समय से पहले बंद कराया जा सकता है। हालांकि, ऐसी स्थिति में डाकघर बचत खाते (Post Office Savings Account) की 4% साधारण ब्याज दर के अनुसार ही भुगतान किया जाता है।

  • किस्त जमा करने की तिथि व पेनल्टी: यदि खाता महीने की 1 से 15 तारीख के बीच खुला है, तो हर महीने 15 तारीख तक किस्त जमा करनी होती है। यदि खाता 16 तारीख के बाद खुला है, तो महीने के अंतिम कार्यदिवस तक किस्त देनी होगी। समय पर किस्त न देने पर प्रति ₹100 पर ₹1 की मामूली डिफॉल्ट फीस (पेनाल्टी) लगती है।

इस योजना से जुड़ने के लिए डाक विभाग ने डिजिटल और पारंपरिक दोनों माध्यमों को बेहद सरल बना दिया है:

  • ऑफलाइन माध्यम: अपने नजदीकी डाकघर (प्रधान डाकघर या उप डाकघर) में जाएं। आरडी खाता खोलने का फॉर्म (Form-1) भरें। साथ में दो पासपोर्ट साइज फोटो, आधार कार्ड, पैन कार्ड और मूल निवास प्रमाण पत्र की स्वप्रमाणित प्रतियां संलग्न करें और पहली किस्त नकद या चेक से जमा करें।

  • ऑनलाइन माध्यम (IPPB मोबाइल बैंकिंग): यदि आपका इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक (IPPB) में डिजिटल खाता है, तो आप IPPB मोबाइल ऐप के जरिए घर बैठे ‘DOP Services’ में जाकर सीधे अपने बैंक खाते से पोस्ट ऑफिस आरडी खोल सकते हैं और हर महीने ऑटो-डेबिट (Auto-Debit) सेट कर सकते हैं।

व्यावसायिक बैंकों (Commercial Banks) की तुलना में डाकघर की आरडी कई मायनों में आम निवेशकों के लिए ज्यादा आकर्षक और विश्वसनीय मानी जाती है। अधिकांश बैंक 1 से 3 साल की आरडी पर अधिक ध्यान देते हैं और 5 से 10 साल की लंबी अवधि के लिए उनकी ब्याज दरें अक्सर कम हो जाती हैं। वहीं, डाकघर 5 साल की लंबी अवधि के लिए 6.7% की स्थिर तिमाही चक्रवृद्धि ब्याज दर प्रदान करता है।

इसके अतिरिक्त, बैंकों में ₹5 लाख तक का डिपॉजिट ही डीआईसीजीसी (DICGC) के तहत बीमित होता है, जबकि डाकघर में जमा पूरा पैसा सीधे भारत सरकार के संप्रभु कोष (Sovereign Backing) द्वारा सुरक्षित रहता है। कर नियमों की बात करें तो आरडी से मिलने वाला ब्याज आयकर स्लैब के अनुसार कर योग्य होता है, लेकिन 10 साल के नजरिए से नियमित अनुशासित बचत का यह सबसे प्रभावी माध्यम है।

यदि आप हर महीने सिर्फ ₹3,000 की अनुशासित बचत का संकल्प लेते हैं, तो पोस्ट ऑफिस की यह 5 वर्षीय आवर्ती जमा योजना अगले 10 वर्षों में आपको बिना किसी जोखिम के ₹5,47,500 का एक मजबूत वित्तीय सुरक्षा कवच प्रदान कर सकती है।