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NCERT Class 9 New Textbooks 2026: कक्षा 9वीं के लिए जारी हुईं दो नई किताबें; जानें गणित-सोशल साइंस की किताबों के नाम, तारीख और खरीदने का आसान तरीका

राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (NCERT) ने शैक्षणिक सत्र के लिए कक्षा 9वीं के छात्रों हेतु दो प्रमुख विषयों की नई पाठ्यपुस्तकों की आधिकारिक रिलीज की घोषणा कर दी है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP 2020) और स्कूली शिक्षा के लिए राष्ट्रीय पाठ्यचर्या रूपरेखा (NCF-SE 2023) के अनुरूप तैयार किए गए संशोधित पाठ्यक्रम के तहत यह कदम उठाया गया है।

लंबे समय से छात्र, अभिभावक और शिक्षक कक्षा 9वीं की नई किताबों की उपलब्धता का इंतजार कर रहे थे। एनसीईआरटी ने स्पष्ट किया है कि गणित और सामाजिक विज्ञान (Social Science) की संशोधित पाठ्यपुस्तकों को चरणबद्ध तरीके से बिक्री और अध्ययन के लिए उपलब्ध कराया जा रहा है, जिससे विद्यार्थियों की सीखने की आधुनिक जरूरतों को पूरा किया जा सके।

एनसीईआरटी द्वारा जारी किए गए आधिकारिक शेड्यूल के अनुसार दोनों नई पुस्तकों की उपलब्धता अलग-अलग तिथियों पर निर्धारित की गई है:

  1. गणित की नई किताब (Mathematics): कक्षा 9वीं की गणित की नई पाठ्यपुस्तक का नाम ‘गणित मंजरी – भाग 2’ (Ganita Manjari – Part 2) रखा गया है। यह पुस्तक छपकर तैयार हो चुकी है और 21 सितंबर 2026 से आधिकारिक बिक्री के लिए उपलब्ध करा दी गई है। छात्र और स्कूल अब इसे तुरंत खरीद सकते हैं।

  2. सामाजिक विज्ञान की नई किताब (Social Science): कक्षा 9वीं की सोशल साइंस की नई पाठ्यपुस्तक का शीर्षक ‘अंडरस्टैंडिंग सोसाइटी: इंडिया एंड बियॉन्ड – भाग 2’ (Understanding Society: India & Beyond – Part 2) है। परिषद के अनुसार, यह किताब 30 सितंबर 2026 से सभी अधिकृत बिक्री केंद्रों और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर बिक्री के लिए उपलब्ध होगी।

एनसीईआरटी ने छात्रों, अभिभावकों और स्कूलों को पायरेसी या फर्जी किताबों से बचाने के लिए केवल अधिकृत सेल्स चैनलों के जरिए ही खरीदारी करने की सख्त सलाह दी है। पुस्तकें खरीदने के तीन प्रमुख माध्यम उपलब्ध कराए गए हैं:

1. एनसीईआरटी आधिकारिक वेबसाइट (NCERT Web Portal)

  • छात्र या अभिभावक एनसीईआरटी के आधिकारिक पोर्टल ncertbooks.ncert.gov.in पर जा सकते हैं।

  • वहां अपने मोबाइल नंबर या ईमेल से लॉगिन करके क्लास 9 की नई पुस्तकें ‘कार्ट’ में जोड़ें।

  • ऑनलाइन भुगतान (UPI/डेबिट कार्ड/नेट बैंकिंग) करके ऑर्डर पूरा करें। पुस्तकें डाक या कूरियर के जरिए सीधे आपके घर डिलीवर कर दी जाएंगी।

2. ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म अमेजन (Amazon India)

एनसीईआरटी ने घर-घर त्वरित पहुंच सुनिश्चित करने के लिए ई-कॉमर्स दिग्गज Amazon के साथ भी साझेदारी की है। अभिभावक अमेजन के अधिकृत एनसीईआरटी स्टोरफ्रंट पर जाकर सीधे असली प्रिंटेड प्रतियां बुक कर सकते हैं।

3. एनसीईआरटी फिजिकल सेल्स काउंटर्स (NCERT Sales Counters)

जो लोग हाथों-हाथ पुस्तकें खरीदना चाहते हैं, वे देश के विभिन्न शहरों में स्थित एनसीईआरटी के आधिकारिक बिक्री काउंटर्स पर सीधे जा सकते हैं:

  • नई दिल्ली: एनसीईआरटी मुख्यालय, श्री अरबिंदो मार्ग, नई दिल्ली।

  • कोलकाता: क्षेत्रीय उत्पादन-सह-वितरण केंद्र, साल्ट लेक, कोलकाता।

  • बेंगलुरु: 100 फीट रोड, बीएसके थर्ड स्टेज, बेंगलुरु।

  • अहमदाबाद: नवरंगपुरा, अहमदाबाद।

  • गुवाहाटी: क्षेत्रीय शिक्षा संस्थान (RIE) परिसर, गुवाहाटी।

प्रिंटेड कॉपी के अलावा, एनसीईआरटी डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए इन सभी नई किताबों के पीडीएफ (PDF) संस्करण अपनी आधिकारिक वेबसाइटों पर निशुल्क डाउनलोड के लिए भी चरणबद्ध रूप से अपलोड कर रहा है:

  • ePathshala (epathshala.nic.in): ई-पाठशाला पोर्टल या मोबाइल ऐप पर ‘Students’ सेक्शन में जाकर ‘e-Textbooks’ चुनें। इसके बाद कक्षा (Class 9), विषय (Mathematics / Social Science) और किताब का नया शीर्षक चुनकर पूरा चैप्टर-वाइज पीडीएफ मुफ्त डाउनलोड किया जा सकता है।

  • DIKSHA Portal (diksha.gov.in): दीक्षा ऐप पर क्यूआर कोड स्कैन करके या विषय सर्च करके डिजिटल स्टडी मैटेरियल और अभ्यास प्रश्न आसानी से एक्सेस किए जा सकते हैं।

एनसीईआरटी के अनुसार, इन नई किताबों को रट्टा मार पढ़ाई (Rote Learning) से दूर ले जाकर व्यावहारिक, अनुभवात्मक और आलोचनात्मक सोच (Critical Thinking) को बढ़ावा देने के लिए तैयार किया गया है:

  • गणित मंजरी (Ganita Manjari): इसमें दैनिक जीवन के वास्तविक उदाहरणों, भारतीय गणितीय परंपराओं (Indian Knowledge Systems) और इंटरएक्टिव पजल्स को जोड़ा गया है, जिससे छात्र गणित के फॉर्मूलों को रटने के बजाय उनके पीछे के लॉजिक को समझ सकें।

  • अंडरस्टैंडिंग सोसाइटी (Understanding Society): सामाजिक विज्ञान के पाठ्यक्रम में इतिहास, भूगोल, अर्थशास्त्र और नागरिक शास्त्र के पारंपरिक विभाजन को अधिक एकीकृत और समकालीन बनाया गया है, ताकि छात्र भारत के सामाजिक विकास और वैश्विक संदर्भों को बेहतर ढंग से समझ सकें।