ICSSR Fellowship 2026: पोस्टडॉक्टरल और सीनियर फेलोशिप के लिए आवेदन शुरू; ₹31,000 मासिक वजीफा, जानें पात्रता और चयन प्रक्रिया

उच्च शिक्षा और रिसर्च के क्षेत्र में करियर बनाने वाले सामाजिक विज्ञान (Social Science) के शोधकर्ताओं के लिए एक बेहतरीन अवसर सामने आया है। इंडियन काउंसिल ऑफ सोशल साइंस रिसर्च (ICSSR) ने वित्तीय वर्ष 2026-2027 के लिए अपनी प्रतिष्ठित पोस्टडॉक्टरल फेलोशिप (Postdoctoral Fellowship) और सीनियर फेलोशिप (Senior Fellowship) स्कीम के लिए ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया आधिकारिक तौर पर शुरू कर दी है।

इस फेलोशिप प्रोग्राम का हिस्सा बनने के इच्छुक और योग्य उम्मीदवार आईसीएसएसआर की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर 21 जुलाई 2026 तक अपना ऑनलाइन पंजीकरण (Registration) पूरा कर सकते हैं। परिषद ने स्पष्ट किया है कि आवेदन की पूरी प्रक्रिया डिजिटल रहेगी और उम्मीदवारों को अलग से कोई रिसर्च प्रपोजल या दस्तावेज की हार्ड कॉपी डाक के जरिए भेजने की बिल्कुल जरूरत नहीं है।

1. ICSSR पोस्टडॉक्टरल फेलोशिप 2026: कौन कर सकता है आवेदन? (Eligibility Criteria)

इस फेलोशिप के लिए आवेदन करने वाले शोधकर्ताओं को निम्नलिखित पात्रता मानदंडों को पूरा करना अनिवार्य है:

  • राष्ट्रीयता व आयु सीमा: आवेदक का भारतीय नागरिक होना आवश्यक है। सामान्य वर्ग के उम्मीदवारों की अधिकतम आयु आवेदन की अंतिम तिथि (21 जुलाई 2026) तक 45 वर्ष से अधिक नहीं होनी चाहिए। अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST) और दिव्यांग (बेंचमार्क डिसेबिलिटी) श्रेणी के आवेदकों को सरकारी नियमानुसार आयु सीमा में 5 वर्ष की विशेष छूट दी जाएगी।

  • शैक्षणिक योग्यता: उम्मीदवार के पास किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से पीएचडी (PhD) की उपाधि होनी चाहिए। इसके साथ ही, उनका शोध कौशल और काबिलियत उनके पहले से प्रकाशित हो चुके रिसर्च वर्क या किताबों से प्रदर्शित होनी चाहिए।

  • संस्थान से संबद्धता (Affiliation): आवेदक का किसी मान्यता प्राप्त पब्लिकली फंडेड इंडियन यूनिवर्सिटी, डीम्ड यूनिवर्सिटी, स्वीकृत पीएचडी प्रोग्राम वाले कॉलेज, ICSSR के अपने रिसर्च इंस्टीट्यूट, या शिक्षा मंत्रालय (Ministry of Education) द्वारा मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय महत्व के संस्थान (National Importance Institution) से संबद्ध होना अनिवार्य है।

  • सुपरविजन (देखरेख): इस फेलोशिप को संबद्ध संस्थान के माध्यम से एक सेवारत (Serving) वरिष्ठ सामाजिक वैज्ञानिक की देखरेख में प्रबंधित किया जाएगा, जिनकी रैंक कम से कम एसोसिएट प्रोफेसर (Associate Professor) की होनी चाहिए।

2. अनुभवी स्कॉलर्स के लिए ‘सीनियर फेलोशिप’ स्कीम

जो शोधकर्ता शोध के क्षेत्र में काफी सीनियर हैं और समाज विज्ञान में लंबा अनुभव रखते हैं, उनके लिए सीनियर फेलोशिप का विकल्प दिया गया है:

  • आयु सीमा: यह फेलोशिप 45 से 70 वर्ष के बीच के अनुभवी भारतीय शोधकर्ताओं के लिए आरक्षित है।

  • उद्देश्य: इसका मुख्य उद्देश्य वरिष्ठ विशेषज्ञों को चिन्हित (आइडेंटिफाइड) थीम्स पर पूर्णकालिक (Full-time) स्वतंत्र शोध करने के लिए मंच देना है, ताकि वे देश के सामाजिक और नीतिगत बदलावों (Policy Challenges) को साक्ष्यों (Evidence-based) के साथ समझने में अपना योगदान दे सकें।

फेलोशिप की अवधि और मिलने वाली वित्तीय सहायता (Stipend & Grants)

आईसीएसएसआर के नियमों के अनुसार, ये दोनों ही फेलोशिप दो साल (2 वर्ष) की अवधि के लिए पूरी तरह से पूर्णकालिक (Full-time) अनुसंधान कार्य हैं। ध्यान रहे कि इस अवधि के समाप्त होने के बाद किसी भी परिस्थिति में एक्सटेंशन (समय सीमा बढ़ाने) का कोई प्रावधान नहीं है।

मिलने वाली वित्तीय मदद राशि (INR) नियम व शर्तें
मासिक वजीफा (Monthly Fellowship) ₹31,000 प्रति माह शिक्षा मंत्रालय के नवीनतम निर्देशों के तहत देय
वार्षिक आकस्मिक अनुदान (Contingency Grant) ₹25,000 सालाना रिसर्च सामग्री, स्टेशनरी व अन्य खर्चों के लिए

चयन प्रक्रिया: कई चरणों में होगा कड़ा मूल्यांकन

पोस्टडॉक्टरल फेलोशिप स्कीम के तहत एक स्कॉलर केवल एक ही आवेदन जमा कर सकता है (हालांकि वे आईसीएसएसआर की अन्य योजनाओं के लिए अलग से फॉर्म भर सकते हैं)।

  1. विशेषज्ञ पैनल द्वारा जांच: प्राप्त सभी आवेदनों की गहन स्क्रूटनी होगी और कई चरणों में विषय विशेषज्ञों (Subject Experts) का पैनल उनके रिसर्च प्रपोजल का मूल्यांकन करेगा।

  2. अंतिम संस्तुति: पैनल की हरी झंडी के बाद अंतिम सुझाव आईसीएसएसआर की मुख्य कमेटियों के सामने मंजूरी के लिए रखे जाएंगे।

  3. अवार्ड लेटर: अंतिम रूप से चयनित स्कॉलर्स और उनके संबंधित संस्थानों को परिषद की ओर से प्रोविजनल अवार्ड लेटर (अस्थायी आवंटन पत्र) जारी कर दिए जाएंगे।

रिसर्च के दौरान और अंत में पूरी करनी होंगी ये 3 शर्तें

फेलोशिप की राशि प्राप्त करने वाले प्रत्येक शोधकर्ता को अकादमिक गुणवत्ता बनाए रखने के लिए कुछ कड़े नियमों का पालन करना होगा:

  • पेपर पब्लिकेशन: दो साल के कार्यकाल के दौरान शोधकर्ता को अपने रिसर्च विषय से संबंधित प्रतिष्ठित पीयर-रिव्यूड जर्नल्स (Peer-Reviewed Journals) में कम से कम दो शोध पत्र (Research Papers) प्रकाशित कराने होंगे और उसमें ICSSR के वित्तीय सहयोग का आभार व्यक्त करना होगा।

  • फाइनल रिपोर्ट: फेलोशिप समाप्त होने पर स्कॉलर को एक विस्तृत पुस्तक के आकार की फाइनल प्रोजेक्ट रिपोर्ट के साथ 3,000 से 4,000 शब्दों की एक संक्षिप्त समरी (सारांश) जमा करनी होगी।

  • प्लेजरिज्म (Plagiarism) पर रोक: रिपोर्ट के साथ एक अधिकृत प्लेजरिज्म (साहित्यिक चोरी) जांच रिपोर्ट सौंपनी होगी, जिसमें सिमिलैरिटी इंडेक्स (Similarity Index) 10% से अधिक नहीं होना चाहिए। यदि नकल 10 फीसदी से ज्यादा पाई जाती है, तो फेलोशिप रद्द की जा सकती है।