Dussehra 2026 School Holidays: स्कूलों में कब से शुरू होंगी दशहरा की छुट्टियां? यूपी, बिहार और दिल्ली में छुट्टियों का पूरा कैलेंडर जारी

शारदीय नवरात्रि के पावन दिनों के बीच अब देश भर के छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और अभिभावकों की निगाहें दशहरा और दुर्गा पूजा की छुट्टियों पर टिक गई हैं। हिंदू पंचांग के अनुसार साल 2026 में शारदीय नवरात्रि की महानवमी और विजयादशमी यानी दशहरा 20 अक्टूबर को मनाया जा रहा है। रावण दहन, रामलीला और दुर्गा पूजा के इस महापर्व को लेकर उत्तर प्रदेश, बिहार और राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के शिक्षा विभागों ने अपने-अपने एकेडमिक कैलेंडर के अनुसार अवकाश तालिका को अंतिम रूप दे दिया है। लखनऊ के हजरतगंज और गोमती नगर के कॉन्वेंट व बेसिक स्कूलों से लेकर पटना, मुजफ्फरपुर और दिल्ली-एनसीआर के सरकारी व निजी विद्यालयों में छुट्टियों को लेकर विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। छात्र और अभिभावक त्योहारी सीजन में अपने पैतृक गांव जाने या पर्यटन की योजना बनाने के लिए इस अवकाश सूची का बेसब्री से इंतजार कर रहे थे।

उत्तर प्रदेश में बेसिक शिक्षा परिषद और माध्यमिक शिक्षा विभाग द्वारा जारी वार्षिक अवकाश कैलेंडर के तहत दशहरा और महानवमी के उपलक्ष्य में स्कूलों में राहत दी गई है। प्रदेश के सभी प्राथमिक, उच्च प्राथमिक, अशासकीय सहायता प्राप्त और माध्यमिक विद्यालयों में महानवमी और विजयादशमी के अवसर पर अवकाश रहेगा। 18 अक्टूबर को रविवार का साप्ताहिक अवकाश होने के बाद सोमवार, 19 अक्टूबर को महानवमी तथा मंगलवार, 20 अक्टूबर को विजयादशमी का सार्वजनिक अवकाश घोषित है। इसके चलते प्रदेश के छात्रों को रविवार से लेकर मंगलवार तक लगातार तीन दिनों का लंबा वीकेंड मिल रहा है। लखनऊ, कानपुर, वाराणसी, प्रयागराज और आगरा सहित सभी जिलों के बेसिक शिक्षा अधिकारियों (BSA) और जिला विद्यालय निरीक्षकों (DIOS) को निर्देशित किया गया है कि वे इन तिथियों पर परिषदीय विद्यालयों में शिक्षण कार्य पूरी तरह स्थगित रखें। वहीं, राजधानी के कई प्रमुख आईसीएसई और सीबीएसई मान्यता प्राप्त निजी स्कूलों ने दुर्गा पूजा महोत्सव के तहत शनिवार से लेकर बुधवार तक चार से पांच दिनों के मिनी वैकेशन की भी घोषणा की है।

बिहार में दुर्गा पूजा और विजयादशमी का उत्सव पारंपरिक रूप से बेहद भव्य स्तर पर मनाया जाता है, जिसके चलते शिक्षा विभाग के आधिकारिक कैलेंडर में सबसे व्यापक छुट्टियों का प्रावधान किया गया है। बिहार के सरकारी प्राथमिक, मध्य और उच्च माध्यमिक विद्यालयों में दुर्गा पूजा के अवसर पर सप्तमी से लेकर विजयादशमी और प्रतिमा विसर्जन तक लगातार अवकाश रहता है। शिक्षा विभाग के निर्धारित कैलेंडर के अनुसार, राज्य भर के विद्यालयों में 18 अक्टूबर (रविवार) से शुरू होकर 21 अक्टूबर (प्रतिमा विसर्जन) तक विधिवत स्कूल बंद रहेंगे। कई सीमावर्ती और ग्रामीण जिलों में यह अवकाश 17 अक्टूबर (षष्ठी) से ही प्रभावी हो रहा है, जिससे विद्यार्थियों और शिक्षकों को लगातार पांच से छह दिनों का लंबा त्योहारी अवकाश मिल रहा है। पटना, गया, भागलपुर और मुजफ्फरपुर के सभी जिला शिक्षा पदाधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि दुर्गा पूजा के दौरान किसी भी सरकारी विद्यालय में शिक्षकों की अनिवार्य उपस्थिति या विशेष कक्षाओं का दबाव नहीं रहेगा।

राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली के शिक्षा निदेशालय (Directorate of Education – DoE) के तहत संचालित सभी सर्वोदय विद्यालयों, सरकारी स्कूलों और सहायता प्राप्त शिक्षण संस्थानों में 20 अक्टूबर को दशहरा (विजयादशमी) का राजपत्रित अवकाश (Gazetted Holiday) घोषित किया गया है। 18 अक्टूबर को रविवार का साप्ताहिक अवकाश और 19 अक्टूबर को महानवमी के चलते दिल्ली के अधिकांश प्रमुख निजी स्कूलों—विशेषकर द्वारका, रोहिणी, वसंत कुंज और मयूर विहार के संस्थानों—ने 19 और 20 अक्टूबर दोनों दिन स्कूल बंद रखने का परिपत्र (Circular) जारी किया है। इसके अलावा, नोएडा, ग्रेटर नोएडा और गाजियाबाद के सीबीएसई और कैम्ब्रिज बोर्ड से संबद्ध स्कूलों ने भी सोमवार और मंगलवार को अवकाश की घोषणा करते हुए बच्चों को लगातार तीन दिनों की छुट्टियों की सौगात दी है। दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण नियंत्रण और ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (GRAP) के संभावित नियमों को देखते हुए भी स्कूल प्रबंधन त्योहारी छुट्टियों को सुव्यवस्थित तरीके से क्रियान्वित कर रहे हैं।

यदि देश के अन्य राज्यों की बात करें, तो पश्चिम बंगाल में दुर्गा पूजा और विजयादशमी का अवकाश सबसे लंबा होता है। पश्चिम बंगाल माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (WBBSE) के तहत आने वाले स्कूलों में महालया के बाद से ही पूजा अवकाश की शुरुआत हो जाती है, जो विजयादशमी और लक्ष्मी पूजा तक यानी लगभग 10 से 12 दिनों तक अनवरत चलता है। इसके अलावा झारखंड, ओडिशा और असम जैसे पड़ोसी राज्यों में भी महानवमी से लेकर विजयादशमी तक सरकारी और निजी शिक्षण संस्थानों में चार दिनों का पूर्ण अवकाश घोषित रहता है। दक्षिण भारत के राज्यों—जैसे कर्नाटक और तेलंगाना—में भी दशहरा और ‘बथुकम्मा’ उत्सव के तहत 10 दिनों की व्यापक शरदकालीन छुट्टियां (Dussehra Vacation) दी जाती हैं।

त्योहारी सीजन में अवकाश की तिथियों को लेकर किसी भी प्रकार के असमंजस से बचने के लिए अभिभावकों को अपने बच्चों के स्कूल द्वारा जारी आधिकारिक डायरी नोटिस, स्कूल मोबाइल ऐप या व्हाट्सएप ग्रुप पर भेजे गए सर्कुलर की पुष्टि अवश्य कर लेनी चाहिए। जहां बेसिक शिक्षा परिषद और सरकारी शिक्षा विभागों के आदेश सभी सरकारी स्कूलों पर बाध्यकारी रूप से लागू होते हैं, वहीं कई बड़े निजी और इंटरनेशनल स्कूल अपने आंतरिक शैक्षणिक कैलेंडर के अनुसार एक या दो दिन का अतिरिक्त अवकाश जोड़ सकते हैं। 20 अक्टूबर को रावण दहन और विजयादशमी के बाद अधिकांश राज्यों में 21 या 22 अक्टूबर से शिक्षण कार्य पूर्ववत समय सारिणी के अनुसार पुनः प्रारंभ हो जाएगा, जिसके बाद आगामी दीपावली और छठ पूजा के बड़े अवकाशों का सिलसिला शुरू होगा।