
कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट (CUET UG) की तैयारी कर रहे लाखों परीक्षार्थियों के लिए नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए हैं। 11 मई से 31 मई 2026 के बीच आयोजित होने वाली इस परीक्षा के लिए इस बार कपड़ों से लेकर धार्मिक प्रतीकों तक के लिए खास ‘ड्रेस कोड’ निर्धारित किया गया है। यदि आप भी इस प्रवेश परीक्षा में बैठने जा रहे हैं, तो इन नियमों को अनदेखा करना आपको भारी पड़ सकता है। आइए जानते हैं क्या पहनकर जाना सुरक्षित होगा और किन चीजों पर पाबंदी रहेगी।
कलावा और धार्मिक वस्तुओं पर NTA का रुख
अक्सर परीक्षाओं में धार्मिक धागे या कलावा उतरवा दिए जाते हैं, लेकिन CUET UG 2026 के लिए NTA ने छात्रों को बड़ी राहत दी है। नई एडवाइजरी के मुताबिक, उम्मीदवार अपनी धार्मिक मान्यताओं से जुड़ी वस्तुएं जैसे कलावा या धार्मिक धागे पहनकर परीक्षा केंद्र जा सकते हैं। हालांकि, एजेंसी ने एक शर्त भी रखी है—ऐसे उम्मीदवारों को सामान्य रिपोर्टिंग समय से काफी पहले सेंटर पहुंचना होगा। ऐसा इसलिए किया गया है ताकि सुरक्षा जांच (Frisking) के दौरान कोई बाधा न आए और पारदर्शिता बनी रहे।
ड्रेस कोड: हल्के रंग के कपड़ों को प्राथमिकता
NTA ने परीक्षा की शुचिता बनाए रखने के लिए उम्मीदवारों को ‘लाइट कलर्ड’ (हल्के रंग) के कपड़े पहनने की सलाह दी है। एजेंसी का मानना है कि सफेद या हल्के रंगों के कपड़ों से सुरक्षा जांच में आसानी होती है। इसके अलावा:
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कपड़ों की बनावट: बहुत अधिक जेबों या बड़े बटनों वाले कपड़ों से बचने की सलाह दी गई है।
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ऊनी कपड़े: यदि मौसम की मांग हो, तो छात्र ऊनी कपड़े पहन सकते हैं, लेकिन इसके लिए भी समय से पहले सेंटर पहुंचना अनिवार्य होगा ताकि उनकी गहन जांच की जा सके।
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जूते-चप्पल: आमतौर पर पतले तलवे वाली चप्पल या सैंडल पहनने की सलाह दी जाती है। बड़े सोल वाले जूते पहनने पर जांच के दौरान दिक्कत हो सकती है।
कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट (CBT) मोड में होगी परीक्षा
बता दें कि CUET UG 2026 का आयोजन पूरी तरह से कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट (CBT) मोड में किया जाएगा। यह परीक्षा भारत के विभिन्न शहरों के साथ-साथ विदेशों के 15 केंद्रों पर भी आयोजित होगी। NTA ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा केंद्र के भीतर मोबाइल फोन, ब्लूटूथ, स्मार्ट वॉच या किसी भी तरह के इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स ले जाना पूरी तरह प्रतिबंधित है।
समय का रखें विशेष ध्यान
NTA ने छात्रों को चेतावनी दी है कि वे अपने एडमिट कार्ड पर दिए गए रिपोर्टिंग समय का सख्ती से पालन करें। गेट बंद होने के बाद किसी भी परिस्थिति में प्रवेश नहीं दिया जाएगा। धार्मिक वस्तुओं या विशेष पहनावे वाले छात्रों को फ्रिस्किंग के लिए कम से कम एक घंटा पहले पहुंचने का सुझाव दिया गया है। एजेंसी का लक्ष्य तकनीक और सुरक्षा के मेल से एक पारदर्शी परीक्षा वातावरण तैयार करना है।
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