दांव लगाने का मौका! एंकर निवेशकों से बटोरे ₹2663 करोड़, जानें GMP का इशारा

भारतीय आईपीओ मार्केट में आज से एक और बड़े धमाके की शुरुआत हो चुकी है। देश के सबसे भरोसेमंद बैंकिंग ग्रुप के साथ जुड़े SBI Funds Management का आईपीओ आज यानी मंगलवार से आम रिटेल निवेशकों के सब्सक्रिप्शन के लिए पूरी तरह खुल गया है। बाजार में इस आईपीओ को लेकर जबरदस्त बज बना हुआ है, और खुलने से ठीक पहले ही कंपनी ने एंकर निवेशकों (Anchor Investors) के जरिए बाजार से भारी-भरकम फंड जुटाकर अपनी मजबूत स्थिति का अहसास करा दिया है। अगर आप भी इस आईपीओ में पैसा लगाने की सोच रहे हैं, तो दांव खेलने से पहले इसके हर एक पहलू और ग्रे मार्केट के ताजा संकेतों को समझना आपके लिए बेहद जरूरी है।

एंकर बुक से मिली बंपर शुरुआत

पब्लिक इश्यू के आधिकारिक तौर पर खुलने से ठीक एक दिन पहले सोमवार को SBI Funds ने एंकर निवेशकों के जरिए बाजार का मूड भांपने की कोशिश की, जिसमें कंपनी को शानदार सफलता मिली है। कंपनी ने एंकर बुक के जरिए घरेलू और वैश्विक संस्थागत निवेशकों से ₹2,663 करोड़ का तगड़ा फंड जुटाया है। दिग्गज फंड हाउसेस और विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (FPIs) की इस भारी दिलचस्पी ने यह साफ कर दिया है कि बड़े संस्थागत खरीदारों का इस एसेट मैनेजमेंट कंपनी (AMC) के बिजनेस मॉडल और भविष्य की ग्रोथ पर कितना गहरा भरोसा है।

ग्रे मार्केट में दिखने लगी हलचल

किसी भी आईपीओ की लिस्टिंग कैसी होगी, इसका शुरुआती अंदाजा ग्रे मार्केट प्रीमियम यानी GMP से लगाया जाता है। SBI Funds IPO को लेकर ग्रे मार्केट के गलियारों में हलचल काफी तेज हो गई है। अनऑफिशियल मार्केट के एक्सपर्ट्स के मुताबिक, एंकर निवेशकों के मजबूत रिस्पॉन्स के बाद इसके जीएमपी में लगातार सुधार देखा जा रहा है। ग्रे मार्केट का मौजूदा ट्रेंड संकेत दे रहा है कि निवेशक इस शेयर को लेकर काफी उत्साहित हैं और लिस्टिंग के दिन यह अपने निवेशकों को ठीक-ठाक मुनाफा कमा कर दे सकता है। हालांकि, बाजार के जानकारों का कहना है कि सिर्फ जीएमपी के भरोसे निवेश करने के बजाय कंपनी के फंडामेंटल्स पर ध्यान देना ज्यादा सुरक्षित रणनीति होती है।

जानिए प्राइस बैंड और लॉट साइज की पूरी डिटेल

यदि आप दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, बेंगलुरु या देश के किसी भी हिस्से से इस आईपीओ में दांव लगाने की योजना बना रहे हैं, तो आपको इसके प्राइस बैंड और लॉट साइज की सटीक जानकारी होनी चाहिए। कंपनी ने इस पब्लिक इश्यू के लिए एक बेहद प्रतिस्पर्धी प्राइस बैंड तय किया है, ताकि रिटेल निवेशकों को भी इसमें शामिल होने का पूरा मौका मिले। एक रिटेल निवेशक के तौर पर आप कम से कम एक लॉट के लिए बोली लगा सकते हैं, जिसमें निश्चित संख्या में शेयर्स शामिल किए गए हैं। देश भर के प्रमुख ब्रोकर्स और मार्केट एनालिस्ट्स ने इस आईपीओ को ‘सब्सक्राइब’ करने की रेटिंग दी है, क्योंकि लॉन्ग टर्म के लिहाज से कंपनी का ट्रैक रिकॉर्ड और भारतीय म्यूचुअल फंड इंडस्ट्री में इसकी हिस्सेदारी काफी मजबूत है।

क्या आपको इस आईपीओ में पैसा लगाना चाहिए?

भारतीय शेयर बाजार में इस समय उतार-चढ़ाव का दौर जारी है, लेकिन इसके बावजूद प्राइमरी मार्केट (IPO Market) में लिक्विडिटी की कोई कमी नहीं दिख रही है। SBI Funds Management का देश के कोने-कोने में, खासकर टियर-2 और टियर-3 शहरों में मजबूत नेटवर्क है, जो इसे लोकल और जियोग्राफिकल लेवल पर एक बड़ा एडवांटेज देता है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि कंपनी का मजबूत मैनेजमेंट, एसबीआई (SBI) ब्रांड नेम का भरोसा और एंकर निवेशकों से मिला बंपर रिस्पॉन्स इस आईपीओ को एक सुरक्षित और आकर्षक विकल्प बनाता है। जो निवेशक लिस्टिंग गेन के साथ-साथ लंबी अवधि के लिए अपने पोर्टफोलियो को मजबूती देना चाहते हैं, उनके लिए आज से खुला यह आईपीओ एक बेहतरीन मौका साबित हो सकता है।