सीएम योगी ने दीं 464 परियोजनाओं की सौगात, चमचमाती सड़कें और 24 घंटे बिजली से बदलेगी सूरत

उत्तर प्रदेश के पूर्वांचल क्षेत्र को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने के क्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अंतरराष्ट्रीय पर्यटन स्थली कुशीनगर को एक ऐतिहासिक और बेहद बड़ी सौगात दी है। सीएम योगी ने जनपद के विकास को नई रफ्तार देते हुए कुल 464 विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया है। करोड़ों रुपये की लागत वाली इन योजनाओं के धरातल पर उतरने के बाद कुशीनगर की सड़कें न केवल मक्खन जैसी चमचमाती नजर आएंगी, बल्कि पूरा जिला निर्बाध बिजली की रोशनी से जगमगा उठेगा। सरकार का यह कदम स्थानीय बुनियादी ढांचे (Infrastructure) को मजबूत करने के साथ-साथ पर्यटन को वैश्विक स्तर पर बढ़ावा देने वाला साबित होगा।

कुशीनगर की सड़कों का होगा कायाकल्प: गांवों से लेकर हाईवे तक मिलेगी बेहतरीन कनेक्टिविटी

इस बंपर सौगात के तहत सबसे बड़ा फोकस जिले के रोड नेटवर्क को सुधारने पर किया गया है। ग्रामीण अंचलों को मुख्य मार्गों और नेशनल हाईवे से जोड़ने के लिए नई सड़कों के निर्माण और पुरानी सड़कों के चौड़ीकरण व सुदृढ़ीकरण की योजनाएं शामिल हैं। गड्ढामुक्त और चौड़ी सड़कें बनने से स्थानीय व्यापारियों, किसानों और आम जनता का सफर बेहद आसान हो जाएगा। इसके अलावा, बेहतर सड़कों के माध्यम से कुशीनगर आने वाले अंतरराष्ट्रीय और घरेलू बौद्ध पर्यटकों को भी यात्रा का एक विश्वस्तरीय और आरामदायक अनुभव मिल सकेगा, जिससे स्थानीय रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।

बिजली संकट से मिलेगी हमेशा के लिए मुक्ति: नए पावर सब-स्टेशनों को हरी झंडी

सड़कों के साथ-साथ कुशीनगर को निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए ऊर्जा क्षेत्र से जुड़ी कई बड़ी परियोजनाओं को हरी झंडी दिखाई गई है। जिले के विभिन्न ब्लॉकों में नए बिजली उपकेंद्रों (Power Sub-stations) की स्थापना और पुराने ट्रांसफार्मरों की क्षमता बढ़ाने का काम तेजी से पूरा किया जाएगा। बिजली व्यवस्था सुदृढ़ होने से न केवल तपती गर्मी में स्थानीय नागरिकों को बड़ी राहत मिलेगी, बल्कि ग्रामीण इलाकों में खेती-किसानी और छोटे व मझोले उद्योगों (MSMEs) को भी भरपूर बिजली मिल सकेगी, जो क्षेत्र के आर्थिक विकास का मुख्य आधार बनेगी।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का बड़ा संदेश: “कुशीनगर भगवान बुद्ध की महापरिनिर्वाण स्थली है और इसकी कूटनीतिक व सांस्कृतिक साख पूरी दुनिया में है। हमारी सरकार बिना किसी भेदभाव के इस पावन धरती के चहुंमुखी विकास के लिए प्रतिबद्ध है। ये 464 परियोजनाएं कुशीनगर के युवाओं को स्थानीय स्तर पर रोजगार देने, किसानों की आय बढ़ाने और हर नागरिक के जीवन को सुगम बनाने में एक मील का पत्थर साबित होंगी। पूर्वांचल अब पिछड़ेपन से मुक्त होकर विकास का नया मॉडल बन रहा है।”

पर्यटन और स्थानीय रोजगार को मिलेगा जबरदस्त बूस्ट: पूर्वांचल का बदलेगा भूगोल

भौगोलिक और स्थानीय (Geographical Location) दृष्टिकोण से कुशीनगर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के चालू होने के बाद से ही वैश्विक पटल पर चमक रहा है। अब इन नई इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं के आने से होटल इंडस्ट्री, स्थानीय हस्तशिल्प और टूरिज्म सेक्टर को एक नया बूस्ट मिलेगा। टियर-2 और टियर-3 ग्रामीण क्षेत्रों जैसे कसया, पडरौना, हाटा, तमकुहीराज और खड्डा के स्थानीय निवासियों ने सरकार के इस कदम का खुले दिल से स्वागत किया है। इन परियोजनाओं के जरिए हर घर नल से जल योजना और स्वास्थ्य केंद्रों के अपग्रेडेशन का काम भी पूरा किया जा रहा है, जिससे कुशीनगर अब उत्तर प्रदेश के सबसे आधुनिक और विकसित जनपदों की कतार में शामिल होने के लिए पूरी तरह तैयार है।