देशभर में अगले 7 दिन मेहरबान रहेगा मानसून! IMD ने 22 राज्यों में भारी बारिश और 17 राज्यों में तेज आंधी-बिजली का अलर्ट किया जारी!

देशभर में मानसून पूरी तरह से सक्रिय हो चुका है और उत्तर से लेकर दक्षिण भारत तक झमाझम बारिश का दौर जारी है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने अपने ताजा साप्ताहिक बुलेटिन में चेतावनी जारी करते हुए बताया है कि आने वाले अगले 7 दिनों तक देश के बड़े हिस्से में मानसूनी गतिविधियां बेहद तेज रहेंगी। मौसम विभाग ने 22 राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश (Heavy to Very Heavy Rainfall) का अलर्ट जारी किया है, वहीं 17 राज्यों में गरज-चमक और वज्रपात (Thunderstorm & Lightning) को लेकर नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

किन-किन राज्यों में होगी मुसलाधार बारिश (22 राज्यों के लिए अलर्ट)?

IMD के अनुसार, बंगाल की खाड़ी और अरब सागर से आ रही मानसूनी हवाओं के कारण देश के मध्य, उत्तर-पूर्वी और तटीय इलाकों में मूसलाधार बारिश की प्रबल संभावना बनी हुई है:

  • उत्तर भारत: उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, राजस्थान, हरियाणा और पंजाब के कई हिस्सों में झमाझम बारिश और कुछ पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन (Landslides) का खतरा बना रहेगा।

  • पश्चिम एवं मध्य भारत: मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, गुजरात और महाराष्ट्र (विशेषकर कोंकण, गोवा और मुंबई तटीय इलाकों) में तेज बारिश दर्ज की जा सकती है।

  • पूर्व एवं उत्तर-पूर्व भारत: बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश और नागालैंड में लगातार भारी बारिश होने का अनुमान है।

  • दक्षिण भारत: कर्नाटक, केरल, आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु के तटीय और पर्वतीय इलाकों में मानसून की रफ्तार तेज रहेगी।

17 राज्यों में आंधी-तूफान और बिजली (Thunderstorm) की चेतावनी

मौसम विज्ञानियों ने चेतावनी दी है कि भारी बारिश के साथ-साथ कई राज्यों में तेज हवाएं (30 से 50 किमी/घंटा की गति) और आकाशीय बिजली गिरने का जोखिम ज्यादा है। विशेषकर खुले मैदानों, कृषि क्षेत्रों और पहाड़ी इलाकों में काम करने वाले लोगों को खराब मौसम के दौरान पेड़ों या खंभों के नीचे न रुकने की हिदायत दी गई है।

जलभराव और यात्रा को लेकर आईएमडी की सलाह

  • निचले इलाकों में जलभराव: शहरों और बड़े कस्बों के निचले इलाकों में वाटरलॉगिंग (Waterlogging) और ट्रैफिक जाम की स्थिति बन सकती है।

  • पहाड़ी इलाकों में यात्रा की चेतावनी: उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश के संवेदनशील मार्गों पर लैंडस्लाइड के खतरे को देखते हुए पर्यटकों को अनपेक्षित यात्रा से बचने की सलाह दी गई है।

  • किसानों के लिए एडवायजरी: बारिश के अलर्ट को देखते हुए किसानों को खेतों में जल निकासी की सही व्यवस्था रखने और तैयार फसलों को सुरक्षित स्थानों पर रखने के निर्देश दिए गए हैं।