
भारतीय सनातन संस्कृति, पर्व-त्योहारों और पारम्परिक मान्यताओं में दीपावली के पावन पर्व का विशेष और अलौकिक महत्व माना गया है। प्रकाश और खुशियों के इस महापर्व पर हर कोई अपने घर को सजाने, संवारने और मां लक्ष्मी का स्वागत करने के लिए पूरी तल्लीनता से जुटा रहता है। इस साल दीपावली का यह महापर्व 8 नवंबर 2026, रविवार को मनाया जा रहा है, और ऐसे में घरों की साफ-सफाई और सजावट का दौर अंतिम चरण में है। हालांकि, केवल झाड़ू-पोंछा कर देना या घर को रंग-रोगन से चमका देना ही काफी नहीं होता है। वास्तु शास्त्र और प्राचीन फेंग शुई के नियमों के अनुसार, हमारे घर का डेकोर और आंतरिक साज-सज्जा सीधे तौर पर हमारे जीवन की ऊर्जा, पारिवारिक रिश्तों की मिठास और हमारी आर्थिक तरक्की को प्रभावित करती है। यदि घर की सजावट में छोटी-छोटी वास्तुगत या फेंग शुई की गलतियां अनजाने में रह जाती हैं, तो यह घर की सकारात्मक ऊर्जा को कमजोर कर देती हैं और जीवन में अनावश्यक परेशानियों का कारण बनती हैं। आइए विस्तार से जानते हैं कि दीवाली से ठीक पहले घर की सजावट और ऊर्जा को संतुलित करने के लिए फेंग शुई के कौन-से बेहद जरूरी और असरदार उपाय अपनाए जाने चाहिए।
फायरप्लेस या हीटर के ऊपर कभी न लगाएं परिवार की तस्वीरें, रिश्तों में आ सकती है खटास
फेंग शुई और वास्तु शास्त्र के सिद्धांतों में घर के अंदर रखी जाने वाली वस्तुओं और उनकी दिशा का बहुत अधिक महत्व बताया गया है। अक्सर लोग अपने ड्राइंग रूम या लिविंग एरिया को आकर्षक दिखाने के लिए फायरप्लेस (Fireplace) या हीटर के ठीक ऊपर परिवार की खूबसूरत तस्वीरें या कोई महत्वपूर्ण फ्रेम सजा देते हैं। लेकिन फेंग शुई के नियमों के मुताबिक यह सजावट का तरीका आपके रिश्तों के लिए बेहद नुकसानदायक साबित हो सकता है।
फायरप्लेस अग्नि तत्व (Fire Element) का प्रतीक है, और इसके ठीक ऊपर परिवार की तस्वीरें या कोई भी संवेदनशील फ्रेम लगाने से बचना चाहिए। वास्तु जानकारों का मानना है कि अग्नि के प्रभाव वाले क्षेत्र में पारिवारिक तस्वीरें होना एक प्रकार से आपसी रिश्तों में तनाव और भावनात्मक दूरियां पैदा करने का काम करता है। यह ऊर्जा का गलत संतुलन है जो अपनों के साथ आपके संबंधों में अनचाहे मनमुटाव और कलह की वजह बन सकता है। इसलिए दीवाली की साफ-सफाई के दौरान इस बात का विशेष ध्यान रखें कि पारिवारिक तस्वीरों को हमेशा किसी शांत, सकारात्मक और सुरक्षित दीवार पर ही जगह दें।
घर में भूलकर भी न लगाएं अकेलेपन या उदासी को दर्शाने वाला आर्टवर्क
घर या ऑफिस के केबिन को सजाने के लिए पेंटिंग, मूर्तियां और विभिन्न प्रकार के आर्टवर्क का इस्तेमाल किया जाता है। लेकिन फेंग शुई यह सख्त हिदायत देता है कि घर के भीतर कभी भी किसी अकेलेपन, वियोग या उदासीनता को दर्शाने वाली तस्वीर या कलाकृति को नहीं लगाना चाहिए।
जो युवा या जातक जीवन में किसी अच्छे पार्टनर की तलाश कर रहे हैं, या जो नए बिजनेस वेंचर्स और करियर की शुरुआत करने की योजना बना रहे हैं, उन्हें इस बात का विशेष ध्यान रखना चाहिए। दीवाली के इस पावन अवसर पर अपने घर के मुख्य कक्ष या अपनी वर्कडेस्क (Workdesk) के आसपास ऐसी कोई भी तस्वीर न लगाएं जो उदास या अकेली हो। इस प्रकार के आर्टवर्क हमारी मेहनत के विपरीत दिशा में काम करते हैं और हमारे भीतर एक नकारात्मक और सुस्त ऊर्जा का संचार करते हैं। इसके अलावा, यदि आपके घर में कोई ऐसी पुरानी तस्वीर लगी है जिसमें कोई ऐसा प्रियजन है जो अब इस दुनिया में नहीं है, तो उसे मुख्य दीवारों पर प्रदर्शित करने के बजाय किसी एल्बम में सहेजकर रखना उचित रहता है। इस तरह की तस्वीरें घर के वातावरण में रुकी हुई और भारी ऊर्जा को बनाए रखती हैं, जिससे घर की कुल ऊर्जा प्रभावित होती है।
बेडरूम में बिस्तर के नीचे की सफाई को न करें नजरअंदाज, पुरानी ऊर्जा बन सकती है बाधा
दीवाली के मौके पर पूरे घर के चप्पे-चप्पे की सफाई की जाती है, लेकिन अक्सर देखने में आता है कि लोग बेड (Bed) या पलंग के नीचे जमी धूल-मिट्टी और कबाड़ को साफ करना भूल जाते हैं या उसे नजरअंदाज कर देते हैं। फेंग शुई के वास्तु नियमों के अनुसार, आपके बेडरूम का फर्श और विशेषकर बिस्तर के नीचे का हिस्सा हमेशा पूरी तरह से साफ-सुथरा और व्यवस्थित होना चाहिए।
यदि आप बिस्तर के नीचे अनावश्यक सामान का ढेर लगाए रखते हैं या उसकी नियमित सफाई नहीं करते हैं, तो इसका मतलब यह है कि आप अनजाने में ‘पुरानी और रुकी हुई ऊर्जा’ (Stagnant Energy) के ऊपर सो रहे हैं। यह रुकी हुई ऊर्जा आपके मानसिक स्वास्थ्य, नींद की गुणवत्ता और दांपत्य जीवन की खुशियों को सीधे तौर पर प्रभावित करती है। इसके साथ ही, फेंग शुई यह भी सलाह देता है कि दीवाली की इस सफाई के दौरान अपनी उन पुरानी और फटी-पुरानी अलमारियों या कपड़ों को भी घर से बाहर कर देना चाहिए जिनका उपयोग आप लंबे समय से नहीं कर रहे हैं। फटे-पुराने और अनउपयोगी वस्त्र आपकी व्यक्तिगत आभा (Aura) को कमजोर करने का काम करते हैं।
मुख्य दरवाजों और रास्तों के ब्लॉकेज को तुरंत हटाएं, धन और सकारात्मक ऊर्जा का होगा आगमन
वास्तु और फेंग शुई दोनों में ही घर के दरवाजों (Doors) को ऊर्जा के प्रवेश द्वार के रूप में देखा जाता है। दीवाली पर मां लक्ष्मी का स्वागत करने के लिए यह सबसे जरूरी है कि आपके घर के किसी भी दरवाजे के सामने किसी भी प्रकार की रुकावट या ब्लॉकेज न हो।
भले ही सूक्ष्म ऊर्जाओं को चलने के लिए बहुत बड़े रास्तों की आवश्यकता नहीं होती है, लेकिन मुख्य दरवाजे या कमरों के द्वारों के ठीक सामने रखी कोई भी भारी वस्तु या बेकार सामान असल में उन सकारात्मक ऊर्जाओं और अवसरों के मार्ग में रुकावट का काम करती है जिसके लिए आप दिन-रात कड़ी मेहनत कर रहे हैं। अपने घर के मुख्य द्वार को पूरी तरह साफ, रोशन और बाधा मुक्त रखें ताकि इस दीवाली सुख-समृद्धि, खुशहाली और मां लक्ष्मी की असीम कृपा का आपके घर में अबाध रूप से प्रवेश हो सके।
girls globe
