इंग्लिश में 78 और मैथ में मिले सिर्फ 34 मार्क्स; आईसीएसी बोर्ड से पढ़े अतीक अहमद के बेटे अबान के रिजल्ट ने चौंकाया

उत्तर प्रदेश के माफिया और बाहुबली अतीक अहमद (Atiq Ahmed) का परिवार एक बार फिर से सुर्खियों में छा गया है। इस बार चर्चा का कारण कोई आपराधिक मामला नहीं, बल्कि अतीक अहमद के छोटे बेटे अबान अहमद (Abaan Ahmed) की बोर्ड परीक्षा का रिजल्ट है। एक प्रतिष्ठित आईसीएससी (ICSE) बोर्ड स्कूल से पढ़ाई करने वाले अबान अहमद के 10वीं या 12वीं बोर्ड परीक्षाओं के अंक सामने आए हैं, जिन्होंने सोशल मीडिया और शैक्षणिक गलियारों में लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। एक तरफ जहां अंग्रेजी जैसे विषय में उसके नंबर काफी अच्छे आए हैं, वहीं गणित के स्कोर ने हर किसी को हैरान कर दिया है। यह रिपोर्ट सामने आने के बाद से ही लोग अतीक के परिवार के बच्चों की शिक्षा और उनके वर्तमान हालातों को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं कर रहे हैं।

अंग्रेजी विषय में शानदार प्रदर्शन, मिले 78 नंबर

सामने आई जानकारी के मुताबिक, कड़े प्रशासनिक पहरे और पारिवारिक उथल-पुथल के बीच अपनी पढ़ाई पूरी करने वाले अबान अहमद ने आईसीएससी बोर्ड की परीक्षा में अंग्रेजी विषय में बेहतरीन प्रदर्शन किया है। अंग्रेजी में उसे 100 में से 78 अंक प्राप्त हुए हैं, जो यह साबित करता है कि कठिन परिस्थितियों के बावजूद उसने अपनी पढ़ाई पर फोकस बनाए रखा। अंग्रेजी जैसी भाषा में अच्छे अंक हासिल करना यह दर्शाता है कि एक अंग्रेजी माध्यम के प्रतिष्ठित बोर्ड स्कूल में उसकी बुनियादी पकड़ मजबूत रही है। इस स्कोर के सामने आने के बाद से ही लोग यह कयास लगा रहे हैं कि परिवार में चल रहे भारी तनाव और संकट के बाद भी बच्चों की पढ़ाई-लिखाई को किस तरह संभाला जा रहा है।

गणित के विषय में फिसड्डी साबित हुआ स्कोर, मिले सिर्फ 34 मार्क्स

भले ही अंग्रेजी में अबान का प्रदर्शन सराहनीय रहा हो, लेकिन गणित (Mathematics) के विषय में उसका स्कोर बेहद निराशाजनक रहा है। रिपोर्ट्स के अनुसार, गणित में उसे मात्र 34 अंक ही मिल पाए हैं, जो पासिंग मार्क्स के आसपास या उससे भी कम की श्रेणी में आते हैं। इस भारी अंतर को देखकर हर कोई हैरान है कि एक ही छात्र के दो अलग-अलग प्रमुख विषयों में इतना जमीन-आसमान का फर्क कैसे हो सकता है। जानकारों का मानना है कि पिछले कुछ वर्षों में अतीक अहमद के परिवार पर आए कानूनी संकट, एनकाउंटर और जेल की वजह से बच्चों की मानसिक स्थिति पर जो असर पड़ा है, उसका सीधा प्रभाव उनकी पढ़ाई और परीक्षा के परिणामों पर साफ झलकता है।