आपके बड़े भाई ने कपड़े मिट्टी में सान लिए: ओपी राजभर का अखिलेश यादव और राहुल गांधी के रिश्तों पर बड़ा तंज

उत्तर प्रदेश की राजनीति में बयानों के तीर अक्सर सियासी माहौल को गरमाए रखते हैं और नेताओं के तीखे कटाक्ष जनता के बीच चर्चा का बड़ा केंद्र बन जाते हैं. सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के अध्यक्ष और कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर अपने बेबाक और तीखे बयानों के लिए हमेशा सुर्खियों में रहते हैं. एक बार फिर उन्होंने समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव पर जमकर निशाना साधा है. इस दौरान उन्होंने कांग्रेस सांसद राहुल गांधी और अखिलेश यादव की राजनीतिक नजदीकियों पर कटाक्ष करते हुए एक ऐसा बयान दिया है जो राजनीतिक गलियारों में तेजी से वायरल हो रहा है. राजभर के इस तीखे वार ने एक बार फिर यूपी के सियासी पारे को चढ़ा दिया है और विपक्षी गठबंधन की रणनीतियों पर सवाल खड़े कर दिए हैं.

अखिलेश यादव पर तंज, कहा- आपके बड़े भाई ने कपड़े मिट्टी में सान लिए

ओम प्रकाश राजभर ने अपने खास अंदाज में अखिलेश यादव को घेरते हुए तीखा हमला बोला है. उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि समाजवादी पार्टी के मुखिया के बड़े भाई यानी अखिलेश यादव ने राजनीति के खेल में अपने कपड़े पूरी तरह मिट्टी में सान लिए हैं. राजभर का यह बयान विपक्षी दलों के बीच आपसी तालमेल और चुनावी जमीन पर उनकी स्थिति को लेकर था. उनका कहना है कि जो नेता खुद को मजबूत दिखाने का दावा करते हैं, वे जमीनी स्तर पर जनता का भरोसा खो चुके हैं. राजभर अक्सर अपने बयानों में व्यंग्य और लोकभाषा के उदाहरणों का इस्तेमाल करके विरोधियों पर निशाना साधते हैं, जिससे उनके बयान राजनीतिक हलकों में तुरंत चर्चा का विषय बन जाते हैं.

मान लीजिए राहुल गांधी आपके बॉस हैं: ओपी राजभर का तीखा सवाल

अखिलेश यादव और राहुल गांधी की दोस्ती और चुनावी मंचों पर साथ दिखने को लेकर भी ओपी राजभर ने करारा कटाक्ष किया है. उन्होंने कहा कि राजनीति की इस जोड़ी में समीकरण कुछ ऐसे बन रहे हैं कि मान लीजिए राहुल गांधी ही आपके बॉस हैं और फैसले वहीं से तय हो रहे हैं. राजभर ने विपक्षी गठबंधन के भीतर नेतृत्व और वर्चस्व की लड़ाई को लेकर यह बड़ा बयान दिया है. उनका यह तंज इस बात की ओर इशारा करता है कि गठबंधन के भीतर फैसलों की असली कमान किसके हाथ में है, इसे लेकर विपक्षी खेमे में असमंजस की स्थिति बनी रहती है. राजभर के इस बयान के बाद राज्य की राजनीति में पक्ष और विपक्ष के बीच जुबानी जंग एक बार फिर तेज हो गई है.